पश्चिम बंगाल के साउथ 24 परगना जिले के पाथर प्रतिमा इलाके में 31 मार्च की देर रात सिलेंडर में ब्लास्ट हुआ था। हादसे में 8 लोगों की मौत हो गई थी। मामले में दूसरे आरोपी की गिरफ्तारी हुई है।
यह मुख्य आरोपी और पटाखा फैक्ट्री मालिक का भाई है। इससे पहले 2 अप्रैल को मुख्य आरोपी चंद्रकांत बानिक को पुलिस ने गिरफ्तार किया था। दोनों भाई घटना के बाद से ही फरार चल रहे थे।
पुलिस अब दोनों भाईयों से मामले में पूछताछ कर रही है। इससे पहले 1 अप्रैल को पुलिस ने आधिकारिक बयान जारी करते हुए शुरुआती जांच में 2 गैस सिलेंडर में ब्लास्ट की जानकारी होने की बात कही थी।
वहीं, भाजपा विधायक और विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी ने कहना था कि यहां क्रूड बम बनाने की अवैध फैक्ट्री चल रही थी। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और पुलिस प्रशासन घटना को दबाने की कोशिश कर रहे हैं।
हालांकि, SP कोटेश्वर राव ने कहा था कि घर में कोई अवैध पटाखा फैक्ट्री नहीं थी। TMC विधायक समीर कुमार का घटना के बाद कहना था कि पीड़ित परिवार का घर से कुछ मीटर की दूरी पर लाइसेंसी पटाखा फैक्ट्री थी। हो सकता है कि घर में पटाखों का कच्चा माल रखा गया हो, जिससे यह हादसा हुआ हो।
ब्लास्ट में मरने वालों की पहचान हुई
हादसे में मरने वालों की पहचान प्रभावती बनिक (80 वर्ष), अरविंद बनिक (65 वर्ष), स्वांतना बनिक (28 वर्ष), अर्नब बनिक (9 वर्ष), अनुष्का बनिक (6 वर्ष), अस्मिता (6 महीने), अंकित (6 महीने) और सुतापा जाना (मंगलवार सुबह अस्पताल में मौत) के रूप में की गई है।
घर में पटाखे का काम चलता था
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, हादसे वाले घर में कई सालों से पटाखे बनाने का काम होता था। बनिक परिवार में कुल 11 सदस्य रहते थे। प्रारंभिक जांच से पता चलता है कि आग सिलेंडर में विस्फोट के कारण लगी थी।